
The Aman Times
उत्तराखंड ब्यूरो _
खटीमा में गौरव सैनिक सम्मान समारोह, मुख्यमंत्री ने किया सीएसडी कैंटीन व सैनिक मिलन केंद्र का लोकार्पण
खटीमा/उत्तराखंड_
पुष्कर सिंह धामी ने खटीमा के खेतलसंडा स्थित सीएसडी कैंटीन में आयोजित गौरव सैनिक सम्मान समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया। यह कार्यक्रम सेवा संकल्प धारिणी फाउंडेशन द्वारा स्व. सूबेदार शेर सिंह धामी की छठी पुण्यतिथि पर आयोजित किया गया था।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने 715.51 लाख रुपये की लागत से निर्मित सीएसडी कैंटीन तथा 162.26 लाख रुपये की लागत से बने सैनिक मिलन केंद्र का लोकार्पण किया। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने अपने पिता स्व. सूबेदार शेर सिंह धामी एवं शहीदों के चित्रों पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी।

मुख्यमंत्री ने शहीदों के परिजनों एवं वीर नारियों को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया। इस दौरान 60 वीर नारियों और 80 वीर सैनिकों को सम्मानित किया गया।

अपने संबोधन में मुख्यमंत्री भावुक नजर आए। उन्होंने कहा कि यह दिन उनके जीवन का सबसे दुखद दिन रहा, जब उन्होंने अपने पिता को खोया। उन्होंने कहा कि उनके पिता के सिद्धांत, संघर्ष और अनुशासन आज भी उन्हें प्रेरित करते हैं।
उन्होंने बताया कि उनके पिता ने 28 वर्षों तक महार रेजिमेंट में सेवा देते हुए 1962 भारत-चीन युद्ध, 1965 व 1971 भारत-पाक युद्ध सहित कई महत्वपूर्ण अभियानों में योगदान दिया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश का रक्षा क्षेत्र तेजी से आगे बढ़ा है। उन्होंने बताया कि देश का रक्षा उत्पादन 46 हजार करोड़ से बढ़कर 1.54 लाख करोड़ रुपये तक पहुंच गया है और रक्षा निर्यात 38 हजार करोड़ रुपये हो चुका है।
राज्य सरकार की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि शहीदों के परिजनों को मिलने वाली अनुग्रह राशि बढ़ाई गई है तथा आश्रितों को सरकारी नौकरी दी जा रही है। परमवीर चक्र विजेताओं की सम्मान राशि को 50 लाख से बढ़ाकर 1.5 करोड़ रुपये किया गया है।

उन्होंने यह भी बताया कि देहरादून में भव्य सैन्य धाम का निर्माण किया जा रहा है और बलिदानियों के परिवारों के लिए सरकारी नौकरी आवेदन की समय सीमा 2 वर्ष से बढ़ाकर 5 वर्ष कर दी गई है।
कार्यक्रम में सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने भी सैनिकों के सम्मान को गौरवपूर्ण बताया और राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।
इस मौके पर कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा, राम सिंह कैड़ा, मुख्यमंत्री की माताजी श्रीमती विशना देवी, धर्मपत्नी श्रीमती गीता पुष्कर धामी सहित जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी उपस्थित रहे।



